Hindi Books, Novels and Stories Free Download PDF

जादूगर जंकाल और सोनपरी
by राज बोहरे

जादूगर जंकाल और सोनपरी बाल कहानी लेखक.राजनारायण बोहरे                                 जादूगर जंकाल और सोनपरी        बहुत पुरानी बात है। जब इस देश में जादूगर और परी, बहुत सारे ...

श्री मद्भगवतगीता माहात्म्य सहित
by Durgesh Tiwari

जय श्रीकृष्ण बंधु-बांधवोंबहुत समय उपरांत फिर एक लेख लेके आपके सम्मुख उपस्थित हूँ। आप सब के स्नेह की अभिलाषा है।बंधुओ मैन श्री मद्भगवतगीता जी को  पढ़ा और मुझे ह्रदय ...

औरतें रोती नहीं
by Jayanti Ranganathan

औरतें रोती नहीं जयंती रंगनाथन एक जिंदगी और तीन औरतें मैं हूं उज्ज्वला: जनवरी, 2006 1 मामूली औरतें जिंदगी... कल तक अगर मुझसे बयां करने को कहा जाता, तो ...

आधी दुनिया का पूरा सच
by Dr kavita Tyagi

आधी दुनिया का पूरा सच (उपन्यास) 1. रानी प्रतिदिन अपनी बेटी लाली को अपनी आपबीती कहानी का एक छोटा अंश सुनाती थी और बीच-बीच में उस अंश से सम्बन्धित ...

दर्द ए इश्क
by Heena katariya

विकी यानी विक्रम ठाकुर अपने रहीस बाप की बिगडी हुयी ओलाद और दूसरी ओर स्तुति एक शांत लडकी पर वक्त आने पर अच्छे अच्छो को नानी याद दिला दे ...

फिर मिलेंगे... कहानी - एक महामारी से लॉक डाउन तक
by Sarvesh Saxena

मोबाइल की घंटी कब से बजे जा रही थी, मोहित हाथ धोते हुए अपने आप से बोला, “अरे भाई बस आया..” | मोबाइल उठाते ही उधर से आवाज आई, ...

में और मेरे अहसास
by Darshita Babubhai Shah

में और मेरे अहसास भाग-१ *** ईश्क में तेरे जोगन बन गई lआज राधा जोगन बन गई ll *** गरघर कीदीवार केकर्णहोतेकोई घरखड़ाना होता ll *** काटे नहीं कटता ...

अनजाने लक्ष्य की यात्रा पे
by Mirza Hafiz Baig

व्यापारी ने बूढ़े की खूब आव भगत की और कुत्ते को भी बहुत अच्छी तरह अलग कमरे मे रखा । और अपने नौकरो को उन दोनो की सेवा मे ...

गवाक्ष
by Pranava Bharti

गवाक्ष बसंत पंचमी दिनांक-12 2 2016 (नमस्कार मित्रो ! यह उपन्यास ‘गवाक्ष’ एक फ़िक्शन है जिसे फ़िल्म के लिए तैयार किया जा रहा था किन्तु इसके प्रेरणास्त्रोत 'स्व. इंद्र ...

पूर्णता की चाहत रही अधूरी
by Lajpat Rai Garg

पूर्णता की चाहत रही अधूरी लाजपत राय गर्ग समर्पण स्मृति शेष मामा श्री वज़ीर चन्द मंगला को जो कॉलेज के समय में मेरी छुट-पुट रचनाओं के प्रथम श्रोता रहे ...

उर्वशी
by Jyotsna Kapil

उर्वशी ज्योत्स्ना ‘ कपिल ‘ 1 यह क्या कर डाला तुमने उसने एक बार विस्फारित नेत्रों से भूमि पर पड़ा भाई का मृत शरीर देखा ...

दह--शत
by Neelam Kulshreshtha

दह--शत [ नीलम कुलश्रेष्ठ ] जैसे ही नीता व अनुभा ने बड़े गेट से अंदर जाकर कालीननुमा लॉन के बीच के बने दोनों तरफ़ गमलों से सजी कतारों ...

हवा हवाई
by Shakuntala Sinha

                                                          ...

यूँ ही राह चलते चलते
by Alka Pramod

चाय की चुस्की लेते हुए रजत बोले ’’ अगर तुम मुझे पाँच लाख रुपये दो तो मैं तुम्हें एक सरप्राइज दे सकता हूँ। ‘‘ ’’ ये कौन सा सरप्राइज है ...

2 MAD
by Varun S. Patel

                                PART 1            नमस्कार दोस्तों. मे वरुण पटेल आप के ...

मिडिल बर्थ
by Ajay Kumar Awasthi

रात काफी हो चुकी थी ट्रेन अभी अभी प्लेटफार्म में आकर रुकी थी और मैं अपनी बर्थ पर आकर बैठ गया ,मेरी लोवर बर्थ थी । मेरे सामने की ...

जो घर फूंके अपना
by Arunendra Nath Verma

जो घर फूंके अपना 1 चीनी हमले से लुप्त हुई फ़ौजी जीवन की मीठास उन्नीस सौ बासठ में भारत पर चीनी आक्रमण के लिए भारतीय सेनायें कतई तैयार नहीं ...

रिसते घाव
by Ashish Dalal

बेडरूम के दरवाजे के ऊपर रही खाली दीवार पर लगी हुई घड़ी के दोनों कांटे आपस में एक होकर मिलने के बाद धीरे धीरे बिछुड़ रहे थे । डबल ...

चुन्नी
by Krishna Chaturvedi

अध्याय - एकॐ भूर् भुवः स्वःतत् सवितुर्वरेण्यंभर्गो देवस्य धीमहिधियो यो नः प्रचोदयात्…बंदउँ गुरु पद कंज कृपा सिंधु नररूप हरि।महामोह तम पुंज जासु बचन रबिकर निकर।।इन श्लोको के साथ गुरु ...

जननम
by S Bhagyam Sharma

जननम भयंकर तूफान और घोर वर्षा में एक नदी में पूरी भरी हुई बस किसी गांव में बह जाती है। पर बस कहां की थी कहां से आई थी ...

जलती जवानी चलता भिखारी (उपन्यास)
by Bhupendra Dongriyal

                                (१)           "भिक्षाम देई ! भिक्षाम देई" । कहते हुए वह हर रोज की तरह ...

कर्म पथ पर
by Ashish Kumar Trivedi

            ‌             Chapter 1सन 1942 का दौर था। सारे देश में ही अंग्रेज़ों को देश से बाहर कर स्वराज लाने ...

भदूकड़ा
by vandana A dubey

  जिज्जी….. हमें अपने पास बुला लो…” बस ये एक वाक्य कहते-कहते ही कुंती की आवाज़ भर्रा गयी थी. और इस भर्राई आवाज़ ने सुमित्रा जी को विचलित कर ...

यारी
by Prem Rathod

शाम के 5:00 बजे थे मैंने बैंक से बाइक स्टार्ट करके अपने घर की तरफ जाने के लिए निकल पड़ा। घर पहुंच कर सीधा अपने रूम में पहुंचा और ...

ये दिल पगला कहीं का
by Jitendra Shivhare

ये दिल पगला कहीं का उपन्यास सारांश- ‘ये दिल पगला कहीं का’ उपन्यास कहानी है अभय और डिम्पल की। जो बचपन के प्रेमी है। अभय जब अपनी बेरोजगारी के ...

बस नमक ज़्यादा हो गया
by Pradeep Shrivastava

बस नमक ज़्यादा हो गया प्रदीप श्रीवास्तव भाग 1 उसके पेरेंट्स कभी नहीं चाहते थे कि वह स्कूल-कॉलेज या कहीं भी खेल में हिस्सा ले। लेकिन वह हिस्सा लेती, ...

दो बाल्टी पानी
by Sarvesh Saxena

"अरे नंदू… उठ के जरा देख घड़ी में कितना टाइम हो गया है " मिश्राइन ने चिल्ला कर कहा| "अरे मम्मी सोने भी नहीं देती सोने दो ना" नंदू अपनी ...

पता, एक खोये हुए खज़ाने का
by harshad solanki

राजू के हाथों में आज उसके पिताजी का सामान शिफ्ट करते वक्त एक छोटी, मगर बहुत पुराणी डायरी आई थी. उसने वह डायरी पर नजर डाली. उस पर हाथ ...

बिटिया के नाम पाती...
by Dr. Vandana Gupta

प्यारी बिटियाढेर सारा प्यार        मेरा पत्र पाकर तुम आश्चर्यचकित होंगी कि अभी तो मिलकर गयीं हैं मम्मा और रोज तो मोबाइल पर बात होती है, फिर ...

Aashiqi - An Un Told Love Story
by zeba praveen

कहानी के मुख्यपात्र   आरुषि रॉय दीवांक शर्मा आरुषि की फॅमिली माँ पापा दो बहनें दीवांक की फॅमिली माँ पापा एक बहन आरुषि के दोस्त - सौम्या और रोहित असिस्टेंट - रिया ...

फोन की घंटी
by Saroj Prajapati

फोन की घंटीसंडे का दिन यानी कि सप्ताह का सबसे व्यस्त दिन और अगर आप वर्किंग वूमेन है तो समझ लीजिए ! मैं भी उनमें से एक ही हूं। ...

तोसे नैना लागे पिया सांवरे
by Dipti Methe

                       तोसे नैना लागे पिया साँवरे..!!! -  (part - 1)        रोज़ की तरह आज भी अनु ...

बेनाम शायरी
by Er Bhargav Joshi

                        "बेनाम शायरी"??? ?? ??? ?? ???क्रूर भी है, निष्ठुर भी है, वो खुदा मेरा मगरुर भी है।"बेनाम" ...

अनजान रीश्ता
by Heena katariya

पारुल और अविनाश दोनों के रास्ते एक हैं पर मन्ज़िल अलग हैं पारुल इक सामान्य मिड्ल क्लास फ़ैमीली से हैं तो अविनाश बहोत बडा सुपर स्टार हैं दोनों कि ...

एक ही भूल
by Saroj Prajapati

तुम्हारी इस नौकरी ने तो हमे खानाबदोश बनाकर रख दिया है। हर तीन चार साल बाद उठाओ समान और चल दो दूसरी जगह । ये भी कोई जिंदगी है?" ...

शोर... एक प्रेमकहानी
by Archana Yaduvanshi

शोरएक कैफे कराओके क्लब जहाँ सैकड़ों भीड़ जमा हैं हर किसी के चहरे पर मुस्कान हैं और कुछ देर बाद चहरे के भाव बदल जा रहे हैं कभी हँस ...

नूरीन
by Pradeep Shrivastava

नुरीन होश संभालने के साथ ही अपनी अम्मी की आदतों, कामों से असहमत होने लगी थी। जब कुछ बड़ी हुई तो आहत होने पर विरोध भी करने लगी। ऐसे ...

गुमनाम रचनाकार-भूपेन्द्र डोंगरियाल की कहानियाँ
by Bhupendra Dongriyal

                  शबनम मौसी             सुहानी की दुनिया में पहली बेटी के आगमन पर हर किसी ने उसे और उसके पति शिवम को बधाई देते हुए कहा, "बधाई हो,घर में ...

बेस्ट फ्रेंड
by SURENDRA ARORA

बेस्ट फ्रेंड सुरेन्द्र कुमार अरोड़ा (1) 1. चमक अभी निकलेगी क्या ? पूछ क्यों रही है, ये तो रोज का ही रूटीन है। ...

फिर मुलाकात होगी
by Lalit Raj

प्यार की ऐसी दास्तान जो अधुरी है मगर एक दूसरे एहसास उन्हें जोड़े रखता है,वो चाहकर भी मिल न पाऐ फिर भी एक उम्मीद में है के "फिर मुलाकात ...

अधूरी कहानी
by Heena katariya

कहानी है विशाल और लता की विशाल एक एसा लडका जो की कभी अपनी लाईफ़ में सीरीयस नहीं था उसे सारी बाते मजाक से ही शुरू होती और उसी ...

भूत की पूजा.
by Krishna Chaturvedi

कन्हैया रोज की तरह तेज चाल से चला जा रहा था।चारो तरफ गहरा अंधेरा छाया था और बारिश रुकने का नाम नहीं ले रहा था उस दिन,पर कन्हैया को ...

शिवाम्बिका
by monika kakodia

ये पल हैं प्यार भरे शिव और अम्बिका के -"शिवाम्बिका" के

बच्चों को सुनाएँ
by r k lal

बच्चों को सुनाएँ – 1 “कुरूप सुषमा” आर० के० लाल                   एक गाँव की लड़की की यह कहानी है जो बहुत सुंदर नहीं थी । उसका नाम सुषमा था ...

चिंटू
by V Dhruva

            मां मुझे भूख लगी है, हमे खाना कब मिलेगा? उसकी मां उसे अपनी गोद में बिठाकर कहती है जल्दी ही। पर ये तो ...

कातिल लाश.
by Shaishav Bhagatwala

यह कहानी मेरी ही पब्लिश की गई गुजराती कहानी "કાતિલ લાશ" का हिंदी अनुवादन है, मेरी कहानी "કાતિલ લાશ" सबसे पहली बार १८-०५-२०१७ को पब्लिश हुई थी। आशा रखता ...

BABY -2
by Dhruv oza

Screening 1{Arabian sea}(एक जहाज के मुहाने पे बैठे दो शक्स बात करते हुए)पेहला शख्स - क्या सभी तैयारियां मुकम्मल हो गयी है?दूसरा शख्स - हा हमीद जैसा तुमने बताया ...

नानी तुमने कभी प्यार किया था
by महेश रौतेला

नानी तुमने कभी प्यार किया था, यह सुनकर वह अचानक अनुभूतियों में डूब गयी। कुछ देर सोचने के बाद वह बोली हाँ। पहाड़ियों पर बसा कालेज था, एक राजकुमार ...

डॉ अब्दुल कलाम की जीवनी
by Mrityunjaya Dikshit

15 अक्टूबर 1931 के तमिलनाडु के रामेश्वरम में जन्मे भारतरत्न राष्ट्रपति डॉ कलाम का पूरा नाम अबुल ज़ाकिर जैनुल आबेदीन अब्दुल कलाम था अब्दुल कलाम के जीवन पर ...

Chandragupt
by Jayshankar Prasad

चन्द्रगुप्त (सन् 1931 में रचित) हिन्दी के प्रसिद्ध नाटककार जयशंकर प्रसाद का प्रमुख नाटक है। इसमें विदेशियों से भारत का संघर्ष और उस संघर्ष में भारत की विजय की ...

मंटो की कहानियां
by Saadat Hasan Manto

सआदत हसन मंटो का जन्म- 11 मई, 1912 को समराला, पंजाब में हुआ था। आप कहानीकार और लेखक थे। मंटो ने फ़िल्म और रेडियो पटकथा लेखन व पत्रकारिता भी ...

चाणक्य
by Vinay kuma singh

इतिहास के पन्नो से… ( महान व्यक्तित्व ) भारतीय राजनीति और अर्थशास्त्र के पहले विचारक - चाणक्य !

छत्रपति शिवाजी
by Mrityunjaya Dikshit

छत्रपति शिवाजी का राज्याभिषेक और उनका कुशल नेतृत्व मृत्युंजय दीक्षित महाराष्ट्र केे ही नहीं अपितु पूरे भारत के महानायक वीर छत्रपति शिवाजी महाराज। एक अत्यंत महान कुशल योद्धा और ...

Steve Jobs
by Kamini Gupta

Inspiration we get from Steve Jobs life

चरित्रहीन
by Hanif Madaar

औरत के इंसान होने के हक़ की बात करना भी उसके चरित्रहीन होने का प्रमाण घोषित हो जाता हो उस समाज में औरत की अस्मिता से जुड़े सवाल शायद ...